जशपुरनगर: केंद्र सरकार के महत्वाकांक्षी ‘टीबी मुक्त भारत अभियान’ के तहत जशपुर जिले को क्षय रोग से पूरी तरह मुक्त करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। जिला पंचायत परिसर स्थित सभागार में आयोजित विशेष समारोह में युवाओं की भागीदारी वाली ‘जोश टीम’ (JOSH Team) का विधिवत शुभारंभ किया गया। इसके साथ ही वर्ष 2025 में जिले की कुल 444 ग्राम पंचायतों में से टीबी मुक्त घोषित हुईं 225 पंचायतों के सरपंचों और मरीजों की देखरेख करने वाले 5 निक्षय मित्रों को सम्मानित किया गया।
युवा संभालेंगे जागरूकता की कमान
कलेक्टर रोहित व्यास के मार्गदर्शन में आयोजित इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य जमीनी स्तर पर जनभागीदारी बढ़ाना है। अभियान को गति देने के लिए गठित ‘जोश टीम’ में एनसीसी (NCC), एनएसएस (NSS) और ‘माय भारत’ (My Bharat) के स्वयंसेवकों को जोड़ा गया है। यह युवा ब्रिगेड गांव-गांव जाकर लोगों को टीबी के शुरुआती लक्षणों, समय पर जांच, नियमित दवाइयों के सेवन और जरूरी पोषण संबंधी देखभाल के प्रति जागरूक करेगी।
गांधी प्रतिमा और प्रशस्ति पत्र देकर सरपंचों का सम्मान
जिले के लिए बड़ी उपलब्धि रही कि 444 ग्राम पंचायतों में से 225 पंचायतों ने क्षय रोग पर प्रभावी नियंत्रण कर ‘टीबी मुक्त पंचायत’ का दर्जा हासिल किया है। समारोह के दौरान इन सभी 225 पंचायतों के सरपंचों को मंच पर महात्मा गांधी की प्रतिमा (स्मृति चिन्ह) और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। इसके अलावा, मरीजों के इलाज के दौरान उन्हें पोषण और जरूरी सहायता उपलब्ध कराने वाले 5 सक्रिय निक्षय मित्रों का भी नागरिक सम्मान किया गया।
2026 तक शत-प्रतिशत पंचायतों को जोड़ने का संकल्प
कार्यक्रम में उपस्थित जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने वर्ष 2026 के अंत तक जिले की बाकी बची पंचायतों को भी टीबी उन्मूलन अभियान से जोड़कर पूरे जशपुर को टीबी मुक्त जिला बनाने का साझा संकल्प लिया।
समारोह में नगर पालिका अध्यक्ष अरविंद भगत, जिला पंचायत उपाध्यक्ष शौर्य प्रताप सिंह जूदेव, नगर पालिका उपाध्यक्ष यश प्रताप सिंह जूदेव और जनपद पंचायत अध्यक्ष गंगाराम भगत सहित विभिन्न ग्राम पंचायतों के सरपंच मौजूद रहे। वहीं प्रशासनिक व स्वास्थ्य अमले से सीएमएचओ डॉ. जी.एस. जात्रा, जिला क्षय उन्मूलन अधिकारी डॉ. रोशन बरियार और स्वास्थ्य विभाग की टीम उपस्थित रही।
