राज्य स्तरीय शालेय क्रीड़ा प्रतियोगिता में सरगुजा संभाग को दिलाया दोहरा खिताब, कलेक्टर रोहित व्यास ने दी बधाई
जशपुरनगर (विशेष संवाददाता)। खेल प्रतिभा, कड़े अनुशासन और मैदान पर पसीने की बदौलत जशपुर जिले की बेटियों ने छत्तीसगढ़ के खेल परिदृश्य पर अपनी अमिट छाप छोड़ दी है। शासकीय प्री-मैट्रिक कन्या छात्रावास, इचकेला में रहकर पढ़ाई करने वाली बालिका क्रिकेटरों के शानदार प्रदर्शन के दम पर सरगुजा जोन की टीम ने 26वीं राज्य स्तरीय शालेय क्रीड़ा प्रतियोगिता के अंडर-17 और अंडर-19 दोनों आयु वर्गों में गोल्ड मेडल जीतकर इतिहास रच दिया। इस दोहरी स्वर्णिम कामयाबी के बाद जिला प्रशासन, खेल प्रेमियों और पूरे अंचल में जश्न का माहौल है।
अंडर-17 वर्ग: सारंगढ़ में लहराया परचम, लगातार दूसरे साल चैंपियन
सारंगढ़ में 4 से 7 अक्टूबर तक आयोजित 26वीं राज्य स्तरीय शालेय क्रीड़ा प्रतियोगिता के अंडर-17 बालिका वर्ग में सरगुजा जोन की टीम ने एकतरफा खेल दिखाया। टीम ने लीग और नॉकआउट मुकाबलों में रायपुर, दुर्ग और बस्तर जोन को शिकस्त देकर फाइनल में जगह बनाई। फाइनल मुकाबले में बिलासपुर संभाग को मात देकर सरगुजा जोन ने खिताब अपने नाम कर लिया।
गौरतलब है कि पिछले वर्ष कांकेर में आयोजित प्रतियोगिता में भी सरगुजा जोन की टीम ने स्वर्ण पदक जीता था। इस वर्ष खिताब बरकरार रखते हुए टीम लगातार दूसरे साल राज्य चैंपियन बनी। विजेता टीम में इचकेला छात्रावास की 10 खिलाड़ी शामिल रहीं:
- कप्तान: कुमारी गायत्री बाई
- खिलाड़ी: एंजेल लकड़ा, आस्था रानी, आकृति यादव, अमीषा लकड़ा, साक्षी यादव, सुप्रिया मिंज, अनन्या सिदार, अलका रानी कुजूर और आराधना।
- कोच: संतोष कुमार।
अंडर-19 वर्ग: राजनांदगांव में दिखाया दम, बिलासपुर को हराकर बनीं चैंपियन
अंडर-19 बालिका क्रिकेट वर्ग में भी इचकेला की बेटियों का दबदबा देखने को मिला। 24 सितंबर से राजनांदगांव में आयोजित राज्य स्तरीय स्पर्धा में सरगुजा जोन ने रायपुर, दुर्ग, बिलासपुर और बस्तर को हराकर स्वर्ण पदक अपने नाम किया।
इस टीम में भी इचकेला छात्रावास की 10 बालिकाएं शामिल रहीं। इनमें वर्षा बाई, संतोषी बाई, जिज्ञासा कुजूर, तुलसिका भगत, पूर्वांशी साहू, रितु भगत, अवीना बाई, झूमर तिर्की, आर्यनसी बेक और अंबिकापुर की अंशिका राज आर्यन ने शानदार प्रदर्शन किया। टीम की 8 खिलाड़ी लूथरन उच्चतर माध्यमिक विद्यालय इचकेला और 1 खिलाड़ी शासकीय पूर्व माध्यमिक विद्यालय इचकेला में अध्यनरत हैं। टीम को कोच प्रांशु प्रिया धनसो और संतोष कुमार ने प्रशिक्षित किया।
5-6 साल की निरंतर तपस्या का मिला फल
छात्रावास अधीक्षिका पंडरी बाई और शंकर ने बताया कि यह कामयाबी रातों-रात नहीं मिली है। छात्राएं पिछले 5 से 6 वर्षों से रोज सुबह-शाम कड़ा अभ्यास कर रही हैं। सीमित संसाधनों के बीच अनुशासन और खेल के प्रति लगन ने उन्हें इस मुकाम तक पहुंचाया।
इस सफलता में जनरल मैनेजर अनिल श्रीवास्तव, सुगंती कुजूर, रीना मैडम सहित छात्रावास प्रबंधन का निरंतर सहयोग रहा।
कलेक्टर रोहित व्यास ने की सराहना, सहायक आयुक्त पहुंचे मिलने
कलेक्टर रोहित व्यास ने बालिकाओं के इस प्रदर्शन पर खुशी जताते हुए कहा कि जशपुर की बेटियां अब खेल के राष्ट्रीय फलक पर पहचान बनाने की दिशा में आगे बढ़ रही हैं। उन्होंने खिलाड़ियों को भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं।
इधर, सहायक आयुक्त (आदिवासी विकास विभाग) संजय कुमार सिंह ने इचकेला छात्रावास पहुंचकर पदक विजेता बेटियों से मुलाकात की और उनका मुंह मीठा कराकर हौसला बढ़ाया। खेल सामग्री और जरूरी संसाधन उपलब्ध कराने के लिए छात्रावास प्रबंधन ने कलेक्टर रोहित व्यास, डिप्टी कलेक्टर हरिओम द्विवेदी और सहायक आयुक्त संजय कुमार सिंह का आभार जताया।
